
मुगलसराय(चन्दौली)।दिल्ली में हुए तरुण खटीक हत्याकांड के विरोध में आज पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर में खटीक समाज और व्यापारियों का भारी रोष देखने को मिला। ‘वेलफेयर एसोसिएशन मुगलसराय‘ के आह्वान पर खटीक समाज ने एकजुट होकर सब्जी मंडी को पूरी तरह बंद रखा।
खास बात यह रही कि ईद-उल-फितर और रामनवमी जैसे बड़े त्योहारों के बावजूद, समाज ने न्याय की मांग को प्राथमिकता देते हुए कारोबार ठप रखा।


विरोध की मुख्य वजह
यह हड़ताल दिल्ली के उत्तम नगर क्षेत्र में होली के दिन हुई तरुण खटीक की निर्मम हत्या के खिलाफ बुलाई गई थी। घटना के बाद से ही देश भर के खटीक समाज में गहरा आक्रोश है। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि दोषियों के खिलाफ अब तक वैसी सख्त कार्रवाई नहीं हुई है जिसकी परिवार और समाज उम्मीद कर रहा था।
हड़ताल का व्यापक असर
व्यापारिक एकता:
मुगलसराय और आसपास की प्रमुख सब्जी मंडियों के व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद रख कर इस प्रदर्शन को अपना समर्थन दिया।
बाजार पर प्रभाव:
त्योहारों का सीजन होने के कारण मंडी बंद रहने से आम जनता को सब्जी की किल्लत और खरीदारी में परेशानियों का सामना करना पड़ा।
प्रशासन को चेतावनी:
खटीक समाज के प्रतिनिधियों ने स्पष्ट किया है कि यह केवल सांकेतिक विरोध है। यदि आरोपियों को जल्द से जल्द कड़ी सजा नहीं मिली, तो इस आंदोलन को राष्ट्रव्यापी स्तर पर और उग्र किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि “यह सिर्फ एक व्यापारिक बंदी नहीं, बल्कि हमारे समाज के एक बेटे के लिए न्याय की पुकार है। जब तक तरुण खटीक के हत्यारों को कड़ी सजा नहीं मिलती, हम चैन से नहीं बैठेंगे।”
अगली कार्रवाई की तैयारी प्रदर्शनकारियों ने स्थानीय प्रशासन के माध्यम से सरकार तक अपनी मांगें पहुँचाई हैं। फिलहाल क्षेत्र में स्थिति शांतिपूर्ण लेकिन तनावपूर्ण बनी हुई है। समाज के पदाधिकारियों का कहना है कि तरुण खटीक के दोषियों को जल्द से जल्द पकड़े और उसे न्याय दें यह निर्मल हत्या सीबीआई जांच कराए।
सचिन पटेल की रिपोर्ट