
चंदौली (धानापुर)। जिले के धानापुर क्षेत्र स्थित नरौली गंगा घाट पर रविवार सुबह 8 बजे संत निरंकारी मिशन द्वारा ‘प्रोजेक्ट अमृत’ के चौथे चरण का भव्य शुभारंभ किया गया। ‘स्वच्छ जल, स्वच्छ मन’ अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का उद्घाटन ग्राम प्रधान रामजी कुशवाहा ने फीता काटकर एवं स्वयं झाड़ू लगाकर किया।

इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि जल केवल एक प्राकृतिक संसाधन नहीं, बल्कि जीवन का मूल आधार है। इसे संरक्षित करना प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है। संत निरंकारी मिशन का यह अभियान देशभर में 1500 से अधिक स्थानों पर एक साथ चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य जल संरक्षण और स्वच्छता के संदेश को समाज के हर वर्ग तक प्रभावी रूप से पहुंचाना है।
मिशन ने वर्ष 2023 में संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से ‘प्रोजेक्ट अमृत’ की शुरुआत की थी। यह पहल मिशन के पूर्व प्रमुख बाबा हरदेव सिंह की शिक्षाओं से प्रेरित है, जो सेवा, मानवता और प्रकृति संरक्षण पर आधारित रही हैं। ‘प्रोजेक्ट अमृत’ का उद्देश्य जल संरक्षण को किसी एक दिन या विशेष कार्यक्रम तक सीमित न रखकर उसे जीवनशैली, संस्कार और सेवा-भाव के रूप में अपनाने की प्रेरणा देना है।

इस अभियान का लक्ष्य स्वच्छ जल के माध्यम से स्वच्छ मन और स्वच्छ समाज का निर्माण करना है। नदियों, झीलों, तालाबों, कुओं और झरनों जैसे प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण एवं संवर्धन को समर्पित इस जन आंदोलन ने अपने पहले तीन चरणों में व्यापक जनसहभागिता का उदाहरण प्रस्तुत किया है। इन्हीं उपलब्धियों से प्रेरित होकर चौथे चरण को और अधिक संगठित एवं विस्तृत रूप में संचालित किया जा रहा है।

अभियान के तहत गीत प्रस्तुतियां, सामूहिक गान, जागरूकता संगोष्ठियां तथा सोशल मीडिया अभियान जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इन माध्यमों से जलजनित रोगों से बचाव और स्वच्छता के महत्व के प्रति लोगों को जागरूक किया जा रहा है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष श्रद्धालु और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर घाट परिसर की साफ-सफाई की और जल संरक्षण का संकल्प लिया।
इस पहल के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि जब मन स्वच्छ होता है, तभी प्रकृति भी स्वच्छ रहती है और यही ‘स्वच्छ जल, स्वच्छ मन’ अभियान का मूल मंत्र है।
