
चंदौली। जिला न्यायालय परिसर स्थित सदर तहसील सभागार में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ जनपद न्यायाधीश दिवाकर प्रसाद चतुर्वेदी ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं, बैंक अधिकारियों और प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति में विभिन्न न्यायालयों व विभागों में लंबित मामलों का निस्तारण किया गया।
कार्यक्रम में स्थाई लोक अदालत के अध्यक्ष सुबेदार सिंह, अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश अशोक कुमार, विशेष न्यायाधीश

(एससी/एसटी एक्ट) राम बाबू यादव, अपर जनपद न्यायाधीश/एफटीसी प्रथम व नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत विकास वर्मा, विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) अनुराग शर्मा, अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश परितोष श्रेष्ठ, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट इशरत परवीन फारूकी, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रेलवे अरुण कुमार गुप्ता, सिविल जज निकिता गौड़, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव डॉ. इंदु रानी, सिविल जज कुंवर जितेन्द्र प्रताप सिंह, माधुरी यादव, न्यायिक मजिस्ट्रेट नूतन, अपर सिविल जज यज्ञेश कुमार सोनकर, सिविल जज शिवानी तथा ईशा राय सहित कई न्यायिक अधिकारी उपस्थित रहे।

इसके अलावा अग्रणी जिला प्रबंधक सुनील भगवत, सिविल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. वीरेन्द्र प्रताप सिंह, महामंत्री आशुतोष मिश्रा, डिस्ट्रिक्ट डेमोक्रेटिक बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश मिश्रा, महामंत्री सुल्तान अहमद तथा न्यायालय के कर्मचारी भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।
राष्ट्रीय लोक अदालत के तहत जनपद न्यायालयों, राजस्व न्यायालयों और बैंकों द्वारा विभिन्न प्रकार के मामलों का निस्तारण किया गया।

जिला न्यायालयों द्वारा 9,173 मामलों का निस्तारण किया गया।
राजस्व न्यायालयों द्वारा 67,145 मामलों का निस्तारण हुआ।
बैंकों द्वारा 563 ऋण खातों का समझौता कर 7 करोड़ 14 लाख 14 हजार रुपये की राशि पर सहमति बनी तथा 3 करोड़ 21 लाख 7 हजार रुपये की नकद वसूली की गई।
न्यायालयों द्वारा कुल 15,90,490 रुपये अर्थदंड वसूल किया गया, जबकि 1,58,82,900 रुपये की समझौता राशि दिलाई गई। इसके अलावा 63,70,414 रुपये के उत्तराधिकार प्रमाण पत्र जारी किए गए।
इस प्रकार जनपद चंदौली में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में न्यायालय, राजस्व विभाग और बैंकों को मिलाकर कुल 76,881 मामलों का निस्तारण किया गया।
यह जानकारी जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, चंदौली की सचिव डॉ. इंदु रानी द्वारा दी गई।