
चंदौली। मिशन शक्ति अभियान (फेज-5.0) के अंतर्गत उ0प्र0 शासन की मंशानुसार पुलिस अधीक्षक चंदौली के निर्देशन में जनपद के समस्त थानों पर कम्युनिटी पुलिसिंग के तहत विशेष जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अभियान का उद्देश्य महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन को सुदृढ़ करना है।
अभियान के तहत जनपद के बाजारों, कस्बों, ग्रामीण क्षेत्रों तथा भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर थाना स्तर की एंटी रोमियो टीमों द्वारा महिलाओं और बालिकाओं को जागरूक किया जा रहा है। पुलिसकर्मियों ने महिला सुरक्षा से संबंधित हेल्पलाइन नंबरों, कानूनों और सरकारी योजनाओं की जानकारी देते हुए उन्हें किसी भी प्रकार की समस्या होने पर तुरंत शिकायत दर्ज कराने के लिए प्रेरित किया।
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान महिलाओं से संबंधित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं जैसे मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, वन स्टॉप सेंटर योजना, 181 महिला हेल्पलाइन, निराश्रित महिला पेंशन योजना, महिला शरणालय, शक्ति सदन एवं सखी निवास योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।

इसके अतिरिक्त महिलाओं को संरक्षण प्रदान करने वाले प्रमुख कानूनों—घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम 2005, कार्यस्थल पर महिलाओं का लैंगिक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध एवं प्रतितोष) अधिनियम 2013, दहेज निषेध अधिनियम 1961 (संशोधित 1986) तथा गर्भधारण पूर्व और प्रसवपूर्व निदान तकनीक (लिंग चयन प्रतिषेध) अधिनियम 1994—के महत्वपूर्ण प्रावधानों से भी अवगत कराया गया।
पुलिस द्वारा यह भी बताया गया कि प्रत्येक थाना परिसर में स्थापित ‘मिशन शक्ति केंद्र’ के माध्यम से महिलाओं को परामर्श, सहायता और आवश्यक कानूनी सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है।

अधिकारियों ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा एवं सशक्तिकरण के लिए पुलिस विभाग निरंतर सक्रिय है और किसी भी प्रकार की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
जनपद में चलाए जा रहे इस अभियान को लेकर महिलाओं में जागरूकता और आत्मविश्वास बढ़ता दिखाई दे रहा है। पुलिस प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि महिला सुरक्षा से जुड़े किसी भी मामले में तुरंत पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जा सके।