
चंदौली:(अशोक कुमार जायसवाल):
जनपद में खाद्य सुरक्षा विभाग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए शासन ने खाद्य सुरक्षा अधिकारी मनोज कुमार गोंड और सेनेटरी सुपरवाइजर गणपति पाठक को निलंबित कर दिया है। दोनों पर एक कारोबारी से सीज माल खुलवाने और विभागीय कार्रवाई रद्द कराने के नाम पर धन वसूली करने का आरोप है। शासन स्तर पर हुई जांच के बाद यह सख्त कदम उठाया गया है, जिससे विभाग में हड़कंप मच गया है।

बताया जा रहा है कि मामला चकिया तहसील क्षेत्र से जुड़ा है, जहां एक कारोबारी के गोदाम से करीब 215 बोरी सूजी और मैदा को विभागीय टीम ने सीज किया था। आरोप है कि इसके बाद संबंधित अधिकारियों ने व्यापारी को कार्रवाई खत्म कराने और सीज माल खुलवाने का भरोसा दिलाकर उससे 61 हजार रुपये की वसूली की। इसी दौरान अधिकारी और व्यापारी के बीच बातचीत का एक ऑडियो वायरल हुआ, जिसने पूरे मामले को तूल दे दिया।
ऑडियो वायरल होने के बाद शासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच कराई। जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर दोनों अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। इस कार्रवाई के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग के अन्य अधिकारी भी सतर्क हो गए हैं और फिलहाल जनपदीय स्तर पर कोई भी अधिकारी खुलकर कुछ बोलने से बच रहा है।
कार्यवाहक खाद्य सुरक्षा अधिकारी कमल कुमार ने बताया कि,

“शासन के निर्देश पर मामले की जांच कराई गई थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर संबंधित खाद्य सुरक्षा अधिकारी और सेनेटरी सुपरवाइजर को निलंबित किया गया है। विभाग में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना हमारी प्राथमिकता है। आगे भी किसी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
उन्होंने कहा कि फिलहाल विभागीय कार्य प्रभावित न हो, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है और प्रकरण की विस्तृत विभागीय जांच जारी रहेगी।
इस कार्रवाई के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग में खलबली मची हुई है और पूरे मामले को लेकर व्यापारी वर्ग के बीच भी चर्चा तेज हो गई है।