[smartslider3 slider="2"]

80% दिव्यांग युवक को झूठे मुकदमे में फंसाने का आरोप, परिवार ने एसपी से लगाई निष्पक्ष जांच की गुहार

Connect With Social Media


मुगलसराय/अलीनगर। अलीनगर थाना क्षेत्र के बिछड़ी वार्ड नंबर-5 निवासी एक 80 प्रतिशत दिव्यांग युवक के परिजनों ने पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल  चंदौली को प्रार्थना पत्र सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने और न्याय दिलाने की मांग की है। परिवार का आरोप है कि उनके बेटे को साजिश के तहत झूठे मुकदमे में फंसाकर जेल भेजा गया है।
परिजनों के अनुसार रामबाबू सोनकर पुत्र विजयराज सोनकर 80 प्रतिशत दिव्यांग हैं और उनकी शारीरिक स्थिति सामान्य गतिविधियों के लिए भी पूरी तरह सक्षम नहीं है। परिवार का कहना है कि पड़ोसी मनोज कुमार पटेल एवं उनकी पत्नी द्वारा लगातार उनके बेटे के खिलाफ झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं।
प्रार्थना पत्र में बताया गया है कि अप्रैल 2026 में पड़ोसी परिवार के घरेलू विवाद के चलते महिला कुछ समय के लिए अपने मायके चली गई थीं। उस समय भी रामबाबू पर महिला को भगाने का आरोप लगाया गया था, लेकिन पुलिस जांच में महिला के मायके में होने की पुष्टि हुई थी। इसके बावजूद बाद में रामबाबू के खिलाफ गंभीर आरोपों के साथ मुकदमा दर्ज करा दिया गया।
रामबाबू के पिता विजयराज सोनकर ने वीडियो बयान जारी कर दावा किया कि उनके बेटे को बलात्कार जैसे गंभीर मामले में झूठा फंसाया गया है। उन्होंने कहा कि पड़ोसी के घर पर सीसीटीवी कैमरे लगे हैं, लेकिन अब तक फुटेज की जांच नहीं की गई है। उन्होंने पुलिस अधीक्षक  आकाश पटेल से सीसीटीवी फुटेज की जांच कर सच्चाई सामने लाने की मांग की है।
वहीं, रामबाबू के भाई आनंद कुमार सोनकर ने आरोप लगाया कि उनके दिव्यांग भाई को लंबे समय से परेशान किया जा रहा था। उन्होंने दावा किया कि परिवार से 50 हजार रुपये की मांग की गई थी और रकम न देने पर कार्रवाई कराने की धमकी दी गई थी।
परिजनों का कहना है कि रामबाबू की शारीरिक स्थिति को देखते हुए उन पर लगाए गए आरोपों की गहन एवं निष्पक्ष जांच आवश्यक है। उन्होंने प्रशासन से पूरे मामले की सत्यता सामने लाने तथा न्यायोचित कार्रवाई करने की मांग की है।
इस संबंध में क्षेत्राधिकारी (सीओ) अरुण कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है तथा जांच रिपोर्ट के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।

Leave a Comment

error: Content is protected !!