
चंदौली। धानापुर से कुसुम्ही गांव जाने वाले मार्ग पर स्थित जर्जर पुल के निर्माण की मांग को लेकर किसानों का धरना सोमवार से जारी है। कुसुम्ही गांव के पास दल बाबा मंदिर परिसर में चल रहा यह प्रदर्शन मंगलवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। किसान यूनियन के बैनर तले ग्रामीण नए पुल के निर्माण की मांग पर अड़े हुए हैं।
किसान नेता पिंटू पाल ने बताया कि करीब 5000 से अधिक आबादी वाले गांव के लोगों को इसी जर्जर पुल से होकर गुजरना पड़ता था, जो कभी भी ढह सकता था और बड़ी दुर्घटना की आशंका बनी रहती थी। ग्रामीणों की नाराजगी और मीडिया में खबर प्रकाशित होने के बाद लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों ने जर्जर पुल से आवागमन बंद करा दिया है। फिलहाल विभाग ने बगल में एक अस्थायी पुल बनाकर लोगों की आवाजाही चालू कराई है, लेकिन ग्रामीण स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि पुल कई महीनों से खस्ताहाल था और भारी वाहनों के गुजरने से हादसे का खतरा बना रहता था। पहले विभाग ने पुल के दोनों ओर भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाने के लिए सूचना बोर्ड लगवाए थे, लेकिन अब मार्ग पूरी तरह बंद कर दिया गया है। इसके बावजूद ग्रामीणों की चिंता बनी हुई है और वे जल्द से जल्द नए पुल के निर्माण की मांग कर रहे हैं।
इस संबंध में लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता राजेश कुमार ने बताया कि पुल की मरम्मत में लगभग 90 लाख रुपये का खर्च आएगा। इसके लिए बजट का प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। बजट स्वीकृत होते ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा। उन्होंने लोगों से वैकल्पिक मार्ग का उपयोग करने और सावधानी बरतने की अपील भी की है।
किसानों ने साफ कहा है कि जब तक नए पुल के निर्माण का काम शुरू नहीं होता, तब तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा। धरने में पिंटू पाल, विजय कांत पासवान, संतोष कुमार, पप्पू गोड़, अजय कुमार, बाबू लाल बिंद, राममूरत गोड़, देवेंद्र बिंद, प्रकाश यादव, विजय गुप्ता, सहजादी, संजय यादव, रविंद्र नाथ, विजय प्रताप, मुलायम यादव, राधेश्याम यादव, सतीश, शैलेन्द्र पांडेय, धर्मेंद्र यादव, राजेश यादव समेत कई ग्रामीण मौजूद रहे।