
चंदौली चकिया तहसील में शनिवार को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान क्षेत्र के एक सामाजिक कार्यकर्ता ने जिला संयुक्त चिकित्सालय, चकिया के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) डॉ. राम बाबू सिंह के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में अस्पताल की व्यवस्थाओं, चिकित्सकों की उपस्थिति और निजी प्रैक्टिस से जुड़े कई मुद्दे उठाए गए हैं।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि सीएमएस द्वारा शासनादेशों के विपरीत कार्य किए जा रहे हैं। संयुक्त चिकित्सालय की ओपीडी में चिकित्सकों की उपस्थिति अनियमित रहती है, इसके बावजूद बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली की अनदेखी कर वेतन आहरित किया जा रहा है। साथ ही सीएमएस के मुख्यालय पर अनिवार्य रूप से निवास न करने का भी आरोप लगाया गया है।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि मुख्य चिकित्सा अधीक्षक अपने निजी आवास पर संचालित ‘स्नेहा हॉस्पिटल’ में निजी प्रैक्टिस कर रहे हैं, जो सरकारी सेवा नियमों के विपरीत है। इसके अलावा सीएमएस के संरक्षण में मरीजों को अस्पताल से बाहर की दवाएं लिखवाए जाने का भी आरोप लगाया गया है, जिससे मरीजों को आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है।
सामाजिक कार्यकर्ता ने आरोप लगाया कि पूर्व में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में इस मामले का तथ्यविहीन, मौखिक और तर्कविहीन निस्तारण कर दिया गया था। उन्होंने सभी बिंदुओं पर पुनः निष्पक्ष जांच कराए जाने की मांग की है। साथ ही जिलाधिकारी की अध्यक्षता में निजी प्रैक्टिस से जुड़े मामलों की जांच के लिए मानकों के अनुरूप समिति गठित करने का अनुरोध भी किया गया है।
मामले को संज्ञान में लेते हुए प्रशासन की ओर से शिकायत की जांच कराए जाने का आश्वासन दिया गया है। अब जांच रिपोर्ट के बाद ही आरोपों की सच्चाई सामने आ सकेगी।