चंदौली कोर्ट ने दूसरी नोटिस जारी की, 2 मई 2026 को पेशी का निर्देश।

चंदौली के पीडीडीयू नगर में एक पत्रकार के साथ कथित अभद्रता और मारपीट के मामले में न्यायालय ने कड़ा रुख अपनाया है। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट, चंदौली की अदालत ने संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ दूसरी बार नोटिस जारी की है।
न्यायालय ने मामले में संबंधित पुलिसकर्मियों को आगामी 02 मई 2026 को अदालत में उपस्थित होने का निर्देश दिया है। यह मामला पत्रकार मनीष कुमार रावत बनाम अभिषेक शुक्ला एसआई व अन्य से संबंधित है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आरोप है कि होली के दिन सूचना देने पहुंचे पत्रकार के साथ पुलिस द्वारा अभद्र व्यवहार किया गया और कथित रूप से मारपीट भी की गई। साथ ही, जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए पत्रकार को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का भी आरोप है।

इस प्रकरण में जलालपुर चौकी प्रभारी अभिषेक शुक्ला, आरक्षी अतुल सिंह, अनिल कुमार अंचल और पूर्व कोतवाली प्रभारी विजय बहादुर सिंह का नाम सामने आया है। आरोप यह भी है कि घटना के बाद पुलिस द्वारा पत्रकार को फर्जी मुकदमे में फंसाने का प्रयास किया गया।
पीड़ित पत्रकार द्वारा न्याय न मिलने पर यह मामला न्यायालय में प्रस्तुत किया गया था। विशेष न्यायाधीश ने इस पर संज्ञान लेते हुए इसे गंभीरता से लिया। पहले भी नोटिस जारी की गई थी, लेकिन पुलिसकर्मियों की अनुपस्थिति के कारण अदालत ने अब दूसरी बार नोटिस जारी करते हुए सख्त निर्देश दिए हैं।
न्यायालय के आदेश के अनुसार, सभी संबंधित पक्षों को निर्धारित तिथि पर उपस्थित होना अनिवार्य है। अनुपस्थिति की स्थिति में न्यायालय द्वारा आगे कठोर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
इस मामले को लेकर जिले में चर्चा तेज हो गई है और पत्रकार संगठनों में भी आक्रोश देखा जा रहा है।