
डीडीयू मंडल- खबर पूर्व मध्य रेलवे के पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन से जहां बीती रात किन्नरों ने आरपीएफ पोस्ट के सामने जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान प्लेटफार्म पर अफरातफरी का माहौल व्याप्त हो गया। आरपीएफ डीडीयू पोस्ट द्वारा काफी मान मनौवल के बाद किन्नर शांत हुए तब जाकर हंगामा थमा। बताया जाता है कि ट्रेन के भीतर किसी यात्री से किन्नर द्वारा जबरदस्ती पैसे मांगने की शिकायत पर आरपीएफ के जवान मौके पर पहुंचे और एक किन्नर को पकड़ कर आरपीएफ पोस्ट पर ले आए। किन्नर के पकड़े जाने की सूचना पर कई और किन्नर प्लेटफार्म संख्या 3 के आरपीएफ पोस्ट पहुंचे और अर्ध नग्न प्रदर्शन व हंगामा करना शुरू कर दिया। काफी देर तक चले इस ड्रामे में अंततः आरपीएफ ने काफी मिन्नतों के बाद किन्नरों को शांत कराया।

यात्री की शिकायत पर किन्नर को आरपीएफ पोस्ट लाने पर हुआ हंगामा
आरपीएफ पोस्ट पर घंटो चला किन्नरों का हंगामा
आपको बता दे कि रेल नियमो के अनुसार परिसर में अनाधिकृत वेंडिंग के अलावा किन्नर, नशेड़ी व भिखारी पूरी तरह प्रतिबंधित है। लेकिन प्रतिदिन दर्जनों की संख्या में किन्नर मुख्य द्वार से प्रवेश कर विभिन्न ट्रेनों में सवार होते हैं और यात्रियों से मारपीट व पैसे छीनने में जुट जाते हैं।ऐसी शिकायतें निरंतर आती रहती है बावजूद इसके यात्री सुरक्षा के लिए तैनात दोनों सुरक्षा एजेंसिया मूकदर्शक बनी रहती है। या यूं कहें कि ईमानदारी व पूरी मुस्तैदी से सेवा का दावा करने वाली ईमानदार सुरक्षा कर्मियों के होते हुए मुख्य द्वारा से प्लेटफार्म होते हुए ये किन्नर ट्रेनों में घुसकर तांडव करते हैं। सूत्रों के माने तो इन किन्नरों को ट्रेनों में घुसने के लिए और घुसकर पैसे मांगने के लिए खुली छूट देने वाली एजेंसी भी ड्यूटी यानी एकजाई के नाम पर ऊपरी दानापानी का जुगाड़ होने की भी चर्चाएं आम है। जिसके कारण किन्नरों को किसी का डर नहीं होता। ये किन्नर इतने दबंग है कि यात्री की शिकायत पर अगर इन्हें पुलिस पकड़ती भी है तो ये वही नग्न प्रदर्शन करना शुरू कर देते हैं। सूत्रों की माने तो ट्रेनों में पैसे मांगने व छिनने वाले गिरोह में दो तिहाई किन्नर बेरोजगार युवक हैं जो किन्नर के वेश में ट्रेनों के भीतर पैसे मांगने,मांगने और मारपीट की घटनाओं को अंजाम देते हैं। ऐसे में अगर प्रशासन चाहे तो इन किन्नरों की जांच कर इन्हें दंडित भी किया जा सकता है।